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रहस्ययी पैरेलल यूनिवर्स की घटना-an unbelievable story in hindi

an unbelievable story in hindi

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रहस्ययी पैरेलल यूनिवर्स की घटना…
सुन कर ही आस्चर्य हो रहा होगा की भला इस दुनिया के अलावे भी कोई दुनिया है, वैसे विज्ञानं इससे इंकार नहीं करती,लेकिन अभी तक साफ़ साफ़ पता नहीं चल पाया है की इस यूनिवर्स के  पैरेलल भी कोई यूनिवर्स है जो रहस्ययी है. तो आपको बता दे की यह घटना आपको बताएगी की ऐसा सम्भव हो सकता है . यह घटना भारत के एक खूबसूरत शहर की है, जो पहाड़ो से घिरा हुआ है, जी हाँ हम बात कर रहे हैं, नैनीताल की जो बहुत ही खूबसूरत शहर है.नैनीताल अभी उत्तराखंड का एक शहर है,लेकिन पहले यह उत्तर प्रदेश  का हिस्सा हुआ करता था. घटना है 1965 की, जो जुडी हुई है वासु भनोट नाम के इंसान से, जिसकी उम्र 30 साल की थी और वो एक कपडा व्यवसायी थे.लेकिन 13 अक्टूबर 1965  को उनके साथ घटित एक विचित्र घटना उन्हें हिला कर रख दिया, वो विश्वास नहीं कर पा रहे थे की ऐसा भी संभव है.वासु भनोट का कहना था की उनके साथ घटित यह घटना उन्हें मरते दम तक याद रहेगा.13 अक्टूबर 1965 को वासु नैनीताल से अपने पैतृक गाँव सतराली के लिए निकले.जहाँ उनका एक पुस्तैनी घर था.जब वो अपने गांव की ओर निकले तो सब कुछ सामान्य जैसा था, चुकी पहाड़ी रास्ता थका देने वाला था, इसलिए वासु थक गए थे,ओर वो कुछ देर आराम करके फिर आगे बढ़ने का सोचा.गाँव से कुछ दूर पहले ही उन्हें एक गहरा धुंध का गुबार दिखा, वैसे पहाड़ो पर यह गुबार नार्मल ही होता है.यह सोच कर वासु उस धुंध को चीरते हुए आगे बढ़ गए.उस धुंध से आगे निकलते ही उन्हें अपना पुस्तैनी गाँव दिखा.जो की अलग ओर बदला बदला सा दिख रहा था.जैसे की गाँव के लिए जाने वाले आखिरी रास्ते में एक नहर हुआ करती थी जो वासु बचपन से देखा करता था, वो नहर अब वहां नहीं थी.ना ही उस नहर का कोई नामो निशान जिसे देख कर वासु थोड़ा हैरान हुआ.लेकिन घर तक जल्दी पहुँचने के चक्कर में उसने किसी से कुछ नहीं पूछा ओर आगे बढ़ने लगा, लेकिन अभी तो उसके जिंदगी की सबसे आस्चर्य ओर विचित्र घटना का होना बाकी था.कुछ दूर चलने के बाद वह अपने गाँव पहुँच गया.और वह अपने पुस्तैनी घर पहुंचा जहाँ उसके चाचा जी का परिवार सालो से रह रहा था.लेकिन जब उसके घर का दरवाजा खुला तो वो चौंक गया क्योंकि उसके सामने खड़ा इंसान को वह कभी नहीं देखा था.ना ही उस व्यक्ति को वासु जानता था. वासु ने जब अपने चाचा जी के बारे में पूछा तो उस इंसान ने बताया की वह और उसका परिवार पिछले 20 सालो से इसी मकान में रहते हैं.उसकी यह बात सुन कर वासु पूरी तरह से आस्चर्य हो गया.भला ये कैसे हो सकता था की जिस घर में उसके चाचा जी का परिवार रहता था, और वह हर साल उनसे मिलने आया करता था, फिर यह इंसान 20 सालो से उस घर में रहने का दावा कैसे कर सकते थे?वासु ने गांव के लोगो से पूछ ताछ भी की लेकिन सभी लोगो का कहना था की वो व्यक्ति सच बोल रहा है, वो इंसान और उसका परिवार कई सालो से उसी घर में रह रहे थे.जब वासु ने अपने चाचा और उनके परिवार के बारे में पूछ- ताछ की तो गाँव के बुजुर्ग ने बताया की उनके चाचा और उनका परिवार 30 साल पहले ही एक दुर्घटना में मर चुके हैं.यह बात सुन कर वासु के पैरो तले जमीन निकल गयी भला ये कैसे हो सकता है? पिछले साल भी वासु गाँव आ कर अपने चाचा और उनके परिवार से मिला था.क्योंकि वासु हर साल की तरह पिछले साल भी अपने चाचा से मिल कर गया था.तो गाँव वाले उन्हें मरा हुआ क्यों बता रहे थे?
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वासु को कुछ भी समझ नहीं आ रहा था, तो उसने तुरंत ही अपने पिता और पुलिस की मदद लेने की सोची, और तेजी से वापस उस धुंध को चीरते हुए नैनीताल के लिए निकला.और नैनीताल पहुँच कर अपने पापा और पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी.यह सब सुन कर वासु के पिता और पुलिस अधिकारी भी हैरान हो गए, भला यह कैसे संभव हो सकता है.इसलिए सभी लोग एक बार फिर अगली सुबह सतराली गाँव के लिए निकले.जब वो लोग गाँव के पास आखिरी सड़क पहुंचे तो वो नहर वहां मौजूद थी.जिसे देख कर वासु को बहुत हैरानी हुई.क्योंकि एक दिन पहले उस नहर का कोई नामो निशान नहीं था.अपनी हैरानी के साथ वासु अपने गाँव की तरफ बढ़ा, जहाँ सभी लोग वासु और उसके पिता को पहचान रहे थे.और जब वो लोग अपने घर पहुंचे तो एक बार फिर घर का दरवाजा उसके चाचा ने ही खोला.जिन्हे देख कर वासु की आँखें फटी की फटी रह गयी.जहाँ एक और वो अपने चाचा को जीवित देख कर खुश था, वहीँ दूसरी तरफ पूरी घटना को देख कर वह विस्मय में था.उनलोगो को जिन्दा देख कर पुलिस वालो को लगा की वासु अपना दिमागी संतुलन खो चूका है, वासु के आप- बीती पर किसी को विश्वास नहीं हो रहा था.लेकिन वासु को पूरा यकीं था की यह कोई भरम नहीं कोरा सच था.वासु के चाचा और गाँव के लोगो ने मना कर दिया की वासु कल यहाँ आया था. लेकिन वासु की आप- बीती सुन कर सभी हैरान हो जाते थे, और कुछ दिनों के बाद वासु की आप -बीती पेपर में भी आयी, यह पहली घटना होगी जो पैरेलल यूनिवर्स के बारे में बताती है. यह तो शायद ही पता की वासु की आप बीती कितनी सच है लेकिन अगर यह सच है तो पैरेलल यूनिवर्स  की होने की बात भी सच है.    

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